Wednesday, 17 June 2026
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उत्तरखण्ड

सेवानिवृत्त कर्मचारी के सुझाव विकास कार्यों को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैंः प्रेमचंद .

उत्तरखण्ड , दिल्ली , देश विदेश , हिमाचल प्रदेश

किशाऊ बांध परियोजना को लेकर लंबे समय से बना गतिरोध टूट गया, केंद्रीय मंत्री से मिलकर सीएम धामी की मुलाकात सफल.

अपनी बात , उत्तरखण्ड , गडवाल मंडल , पौड़ी गढ़वाल

पौड़ी जनपद को मुख्यमंत्री धामी ने 110 करोड़ की विकास योजनाओं की दी सौगात.

उत्तरखण्ड , उधम सिंह नगर

सीएम धामी ने पीएम मोदी के सफल 12 वर्ष पूर्ण करने पर किया पौधारोपण.

उत्तरखण्ड , उधम सिंह नगर

किसानों के परिश्रम और कृषि परंपराओं के महत्व को रेखांकित करने को सीएम धामी उतरे खेत में, चलाया टिलर.

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उत्तरखण्ड

दिवंगत निशानेबाज जसपाल राणा के आवास पहुंच सीएम धामी ने आत्मशांति की कामना ...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज पद्मश्री से सम्मानित एवं अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त निशानेबाज स्वर्गीय जसपाल राणा के देहरादून आवास ...

तपोवन में बजरंग सेतु का मुख्य सचिव ने किया निरीक्षण ...

मुख्य सचिव आनंद बर्धन द्वारा जनपद टिहरी गढ़वाल क्षेत्रांतर्गत तपोवन स्थित बजरंग सेतु का स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण ...

सीएम धामी ने पीएम मोदी के सफल 12 वर्ष पूर्ण करने पर किया ...

खटीमा स्थित पूर्णागिरि मंदिर परिसर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सफल 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में मुख्यमंत्री ...

देश विदेश

पड़ोसी राज्य

सीएम के निर्देश पर चमोली डीएम ने राजेश ...

चमोली जनपद के क़ौब गांव निवासी राजेश के पंजाब में उत्पीड़न के मामले का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह

खबरें

अब अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति अनियमित मामले में होगी जांच, सीएम ने दिए एसआईटी गठित के निर्देश ...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल पर पंजीकृत संस्थाओं द्वारा की गई अनियमितताओं एवं फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से छात्रवृत्ति राशि के गबन के गंभीर प्रकरण को संज्ञान में लेते हुए विशेष जांच टीम (एसआईटी) के गठन के निर्देश दिए गए हैं।  प्रथम दृष्टया जांच में यह पाया गया है कि कुछ संस्थाओं ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति प्राप्त की है, जिनमें कुछ मदरसे, संस्कृत विद्यालय तथा अन्य शिक्षण संस्थाएं शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचारियों को बख्शा नहीं जाएगा। केंद्र सरकार द्वारा उपलब्ध कराए गए 2021-22 एवं 2022-23 सत्र के आंकड़ों के अनुसार राज्य की कुल 92 संस्थाएं संदेह के घेरे में हैं। इनमें से 17 संस्थाओं के विरुद्ध प्राथमिक जांच में छात्रवृत्ति गबन की पुष्टि हुई है। इन संस्थाओं में कुछ मामलों में विद्यार्थियों की संख्या, पहचान पत्र (आधार कार्ड), व निवास संबंधी दस्तावेज फर्जी ...